भारत के युवा क्यों हो रहे हाई कोलेस्ट्रॉल का शिकार, ये चीजें हैं जिम्मेदार

<

4 1 19
Read Time5 Minute, 17 Second

खराब जीवनशैली, खानपान, शारीरिक व्यायाम की कमी और कम पौष्टिक वाले आहार के कारण युवा भारतीयों में हाई कोलेस्ट्रॉल के स्तर में वृद्धि देखी जा रही है. कोलेस्ट्रॉल हृदय संबंधी बीमारियों, डायबिटीज और मोटापे का कारण है.

भारतीय युवाओं में कोलेस्ट्रॉल क्यों बढ़ रहा है?
नई दिल्ली इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल में इंटरनल मेडिसिन विभाग मेंवरिष्ठ सलाहकार डॉ सुरनजीत चटर्जी ने एक अंग्रेजी अखबार को बताया, ''मेरे पास ऐसे कई मरीज हैं जिनकी उम्र 20 वर्ष के आसपास है और वो तब तक विश्वास नहीं करते कि उन्हें उच्च कोलेस्ट्रॉल है जब तक कि वो अपनी लिपिड प्रोफाइल रिपोर्ट नहीं देख लेते.''

कोलेस्ट्रॉल की बीमारी लंबे समय से बुजुर्गों की बीमारी कही जाती रही है लेकिन हाल के वर्षों में एक चिंताजनक रिकॉर्डसामने आयाहै जिसमें युवा आबादी में कोलेस्ट्रॉल काबढ़ता ट्रेंड देखा गया है. सबसे डराने वाली बात है कि इस हेल्थ इश्यू को अक्सर नजरअंदाज कर दिया जाता है क्योंकि हाई कोलेस्ट्रॉल बहुत देर होने तक ध्यान देने योग्य लक्षण प्रस्तुत नहीं करता है.

सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि कोलेस्ट्रॉल की बीमारी बेहद कम उम्र यहां तक कि किशोरावस्था में भी शुरू हो सकती है लेकिन रोगियों को 20 वर्ष की आयु पार करने तक कोई दिक्कत महसूस नहीं हुई है. यही कारण है कि बहुत से युवाप्लाक के कारण कम उम्र में ही हार्ट अटैक का शिकार हो जाते हैं जिसका कारण हाई कोलेस्ट्रॉल होता है.

Advertisement

कोलेस्ट्रॉल क्या है

कोलेस्ट्रॉल लिवर में बनने वाला एक मोम की तरह पदार्थ है जो पाचन के लिए जरूरी कई तरह के हार्मोन्स का निर्माण करता है. हाई डेंसिटी वाले लिपोप्रोटीन को (एचडीएल) और लो डेंसिटी वाले लिपोप्रोटीन (एलडीएल) को एलडीएल कहा जाता है. एचडीएल को गुड कोलेस्ट्रॉल के रूप में जाना जाता है और यह 50mg/dL या इससे अधिक होना चाहिए. आपके शरीर में एलडीएल यानी बैड कोलेस्ट्रॉल की मात्रा कम होनी चाहिए. खासकर भारतीयों के लिए एलडीएल कोलेस्ट्रॉल 100 मिलीग्राम/डीएल से कम होना चाहिए जो दुनिया की बाकी आबादी की तुलना में हृदय रोग से ज्यादा ग्रसित हैं.

कोलेस्ट्रॉल के लक्षण

आमतौर पर हाई कोलेस्ट्रॉल के कोई लक्षण नहीं होते हैं लेकिन अगर इसका इलाज नहीं किया गया तो यह दिल का दौरा और स्ट्रोक का कारण बन सकता है.यह अक्सर एक छिपा हुआ रिस्क फैक्टरहोता है जिसका अर्थ है कि यह हमारे जाने बिना भी हो सकता है जब तक कि बहुत देर न हो जाए तब तक हमें ये पता भी नहीं चल सकता,इसीलिए अपने कोलेस्ट्रॉलकी नियमित जांच करवाना बहुत जरूरीहै.

युवाओं में कोलेस्ट्रॉल बढ़ने का क्या कारण है?
यह जीवनशैली और डायट्री हैबिट्स से जुड़ा है जिसकी शुरुआत आपके बचपन के चिप्स के पैकेट से होती है. सैचुरेटेड फैट्स और ट्रांस फैटसे भरपूर प्रॉसेस्ड फूड और फास्ट फूड का ट्रेंड हाल के दशकों में आसमान छू गया है. अनहेल्दी फूड हैबिट्स, खराब लाइफस्टाइल और फिजिकल एक्टिविटी की कमी शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाती है.

फैमिली हिस्ट्री और डायबिटीज भी इसकी वजह हो सकती है.

शीघ्र निदान और रोकथाम
हाई कोलेस्ट्रॉल हृदय रोग का कारण बन सकता है हालांकि बढ़ा हुआ स्तर खुद लक्षण प्रकट नहीं करता है इसीलिए 20 साल और उससे अधिक उम्र के युवाओं को नियमित तौ परअपने कोलेस्ट्रॉल की जांच करानी चाहिए. इसीलिए 20 साल और उससे अधिक उम्र के युवाओं को हर पांच साल में अपने कोलेस्ट्रॉल की जांच करानी चाहिए, भले ही वे फिट दिखें. और अगर कोई लक्षण दिखें तो उन्हें हर साल इसकी जांच करनी चाहिए.

\\\"स्वर्णिम
+91 120 4319808|9470846577

स्वर्णिम भारत न्यूज़ हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं.

मनोज शर्मा

मनोज शर्मा (जन्म 1968) स्वर्णिम भारत के संस्थापक-प्रकाशक , प्रधान संपादक और मेन्टम सॉफ्टवेयर प्राइवेट लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Laptops | Up to 40% off

अगली खबर

PM Modi Gaya Purnia Visit Live : आज बिहार में पीएम मोदी की दो जनसभा, गया के गांधी मैदान में पहुंचने लगे लोग; सुरक्षा सख्त

स्वर्णिम भारत न्यूज़ टीम, पटना/गया/पूर्णिया।प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की बिहार में आज दो जनसभाओं हैं। गया और पूर्णिया में उनकी जनसभाएं प्रस्तावित हैं। इससे पहले जमुई व नवादा में मोदी जनसभाएं कर चुके हैं। गया में पिछले दो चुनावों में मात खा चुके

आपके पसंद का न्यूज

Subscribe US Now